विद्यार्थियों से कथित दुर्व्यवहार पर भड़के ग्रामीण, बस रोककर कंडक्टर से मांगा जवाब
डलहौज़ी हलचल | बनीखेत
शिक्षा खंड बनीखेत के अंतर्गत आने वाले क्षेत्र में स्कूली विद्यार्थियों के साथ कथित दुर्व्यवहार का मामला सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में रोष व्याप्त है। आरोप है कि एक निजी बस के कंडक्टर द्वारा कई दिनों से विद्यार्थियों के साथ अभद्र व्यवहार किया जा रहा था। साथ ही कुछ बच्चों को बस में बैठाने से मना करने और बीच रास्ते में उतार देने जैसी शिकायतें भी सामने आई हैं।
शिकायत मिलने पर मौके पर पहुंचे पंचायत प्रतिनिधि और शिक्षक
मामले की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय शिक्षक ओम आजाद और पंचायत प्रधान जैसी राम मौके पर पहुंचे। उन्होंने संबंधित बस को रास्ते में रुकवाकर कंडक्टर से विद्यार्थियों के साथ किए जा रहे व्यवहार को लेकर जवाब-तलब किया। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण, अभिभावक और स्थानीय लोग भी मौके पर एकत्र हो गए।
बच्चों की सुरक्षा से समझौता नहीं: ग्रामीण
ग्रामीणों और अभिभावकों ने स्पष्ट कहा कि बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या दुर्व्यवहार को स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोबारा सामने आती हैं तो संबंधित विभाग के समक्ष कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई जाएगी।
विद्यार्थियों के अधिकारों की रक्षा समाज की जिम्मेदारी
शिक्षक ओम आजाद ने कहा कि विद्यार्थियों के अधिकारों और उनकी सुरक्षा की रक्षा करना पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। वहीं पंचायत प्रधान जैसी राम ने भी दो टूक कहा कि बच्चों के साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव या अनुचित व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
कंडक्टर ने जताया खेद, भविष्य में सुधार का दिया आश्वासन
जानकारी के अनुसार मौके पर हुई बातचीत के दौरान कंडक्टर ने अपने व्यवहार पर खेद व्यक्त किया और भविष्य में ऐसी किसी भी शिकायत का अवसर न देने का आश्वासन दिया। इसके बावजूद स्थानीय लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।
बच्चों के हित में एकजुट हुआ समाज
ग्रामीणों का कहना है कि यह घटना इस बात का उदाहरण है कि जब समाज बच्चों के हितों, सुरक्षा और अधिकारों के लिए एकजुट होकर खड़ा होता है तो समस्याओं का समाधान संभव हो जाता है। लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से भी छात्र हितों की रक्षा के लिए प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने की मांग की है।