नशे से दूर रहने का संदेश: आईटीआई चलोला में विद्यार्थियों को बताया गया कैसे बर्बाद होती है युवा पीढ़ी
आईटीआई चलोला में आयोजित हुआ जागरूकता शिविर
डलहौज़ी हलचल | ऊना
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग हिमाचल प्रदेश के सौजन्य से जिला कल्याण अधिकारी ऊना तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ऊना के संयुक्त सहयोग से शोभित औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) चलोला में नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और नशा मुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना था।
विद्यार्थियों को बताए गए नशे के दुष्परिणाम
जागरूकता शिविर के दौरान प्रशिक्षु विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों, नशे से बचाव के उपायों तथा नशे से जुड़े कानूनी प्रावधानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
विशेषज्ञों ने कहा कि नशा न केवल व्यक्ति के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित करता है, बल्कि परिवार और समाज पर भी इसका गंभीर दुष्प्रभाव पड़ता है। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहकर अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण पर ध्यान केंद्रित करने का आह्वान किया।
विशेषज्ञों ने दी महत्वपूर्ण जानकारी
शिविर में औषधि निरीक्षक जिला अस्पताल ऊना पंकज गौतम, तहसील कल्याण अधिकारी ऊना जतिन्द्र शर्मा तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ऊना के अधिवक्ता कुलबीर कुमार ने विद्यार्थियों को संबोधित किया।
उन्होंने नशे के कारण होने वाले स्वास्थ्य संबंधी नुकसान, नशा तस्करी और सेवन से जुड़े कानूनी पहलुओं तथा कानून के तहत मिलने वाली सजा के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।
सरकारी कल्याणकारी योजनाओं की भी दी जानकारी
तहसील कल्याण अधिकारी जतिन्द्र शर्मा ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग हिमाचल प्रदेश द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी विद्यार्थियों को दी।
उन्होंने बताया कि सरकार युवाओं, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों तथा अन्य वर्गों के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं चला रही है, जिनका लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाया जा रहा है।
नशा मुक्त समाज निर्माण में युवाओं की भूमिका अहम
संस्थान के प्रधानाचार्य देसराज गौतम ने विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने और सकारात्मक सोच के साथ जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवा देश का भविष्य हैं और उनकी ऊर्जा को सही दिशा देना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि इससे अधिक से अधिक युवाओं को नशा मुक्त समाज निर्माण के अभियान से जोड़ा जा सकेगा।
युवाओं ने लिया जागरूक रहने का संकल्प
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने नशे से दूर रहने तथा अपने आसपास के लोगों को भी इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया। आयोजन के माध्यम से युवाओं में नशा विरोधी जागरूकता बढ़ाने और स्वस्थ समाज के निर्माण का संदेश दिया गया।
