महंगाई का बड़ा झटका! पेट्रोल-डीजल के दाम फिर बढ़े, आम आदमी की जेब पर सीधा असर
डलहौज़ी हलचल (नई दिल्ली): देशभर में एक बार फिर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी ने आम जनता की चिंता बढ़ा दी है। सरकारी ऑयल मार्केटिंग कंपनियों द्वारा सोमवार को ईंधन के दामों में बड़ा इजाफा किए जाने के बाद राजधानी दिल्ली में पेट्रोल पहली बार ₹100 प्रति लीटर के पार पहुंच गया है। वहीं मुंबई, कोलकाता और चेन्नई सहित अन्य महानगरों में भी पेट्रोल-डीजल रिकॉर्ड स्तर पर बिक रहा है।
10 दिनों में चौथी बार बढ़े दाम
15 मई से अब तक पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब ₹7.5 प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। लगातार बढ़ती कीमतों ने आम लोगों के घरेलू बजट पर सीधा असर डालना शुरू कर दिया है।
महानगरों में नए रेट
ताजा बढ़ोतरी के बाद प्रमुख शहरों में पेट्रोल-डीजल के दाम इस प्रकार हैं:
- दिल्ली: पेट्रोल ₹102.12, डीजल ₹95.20 प्रति लीटर
- मुंबई: पेट्रोल ₹111.21, डीजल ₹97.83 प्रति लीटर
- कोलकाता: पेट्रोल ₹113.51, डीजल ₹99.82 प्रति लीटर
- चेन्नई: पेट्रोल ₹107.77, डीजल ₹99.55 प्रति लीटर
आखिर क्यों बढ़ रहे हैं दाम?
तेल कंपनियों के अधिकारियों के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उछाल और डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी के कारण आयात लागत में भारी वृद्धि हुई है।
इसके अलावा पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज क्षेत्र में शिपमेंट प्रभावित होने से वैश्विक तेल बाजार में अस्थिरता बनी हुई है।
कंपनियों पर भारी घाटे का दबाव
इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स का कहना है कि लंबे समय तक कीमतें स्थिर रखने के कारण ऑयल मार्केटिंग कंपनियों पर अंडर-रिकवरी का दबाव बढ़ गया था। यही वजह है कि अब कंपनियां लगातार कीमतों में संशोधन कर रही हैं।
सरकारी अधिकारियों के अनुसार हालिया बढ़ोतरी के बावजूद तेल कंपनियां अभी भी घाटे में चल रही हैं। पेट्रोलियम मंत्रालय के मुताबिक कंपनियों को प्रतिदिन करीब ₹750 करोड़ का नुकसान उठाना पड़ रहा है।
रेटिंग एजेंसी क्रिसिल के अनुसार कंपनियों को अभी भी:
- पेट्रोल पर लगभग ₹10 प्रति लीटर
- डीजल पर करीब ₹13 प्रति लीटर
का घाटा हो रहा है।
CNG की कीमतों में भी इजाफा
पेट्रोल-डीजल के साथ-साथ सीएनजी की कीमतों में भी लगातार बढ़ोतरी जारी है। दिल्ली में 23 मई को सीएनजी के दाम ₹1 प्रति किलो बढ़ाए गए थे। 15 मई से अब तक सीएनजी की कीमतों में कुल ₹4 प्रति किलोग्राम की वृद्धि दर्ज की गई है।
महंगाई बढ़ने की आशंका
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में जल्द नरमी नहीं आई, तो आने वाले दिनों में परिवहन, कृषि और रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों में और बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
