Movie prime
डलहौज़ी में बच्चों ने सुन्दर चित्र बनाकर किया 1971 के बहादुर सैनिकों को याद
 

डलहौज़ी हलचल (डलहौज़ी) :  1971 में पाकिस्तानी सेना पर भारतीय सशस्त्र बलों की निर्णायक और ऐतिहासिक जीत की स्मृति में युद्ध के दौरान सर्वोच्च बलिदान देने वाले बहादुर सैनिकों को श्रद्धांजलि देकर स्वर्णिम विजय वर्ष मनाया जा रहा है। इसी के तहत आज डलहौज़ी कैंट के बलून ऑडिटोरियम में सेना ने एक पेंटिग प्रतियोगिता का आयोजन किया इस प्रतियोगिता में डलहौज़ी के चार नामी स्कूलों ने हिस्सा लिया जिनमे केन्द्रीय विद्यालय बनीखेत एनएचपीसी डलहौज़ी , डलहौज़ी हिलटॉप स्कूल , सेक्रेट हार्ट स्कूल और डलहौज़ी पब्लिक स्कूल ने भाग लिया। प्रतियोगिता के दौरान भाग लेने वाले बच्चों ने देशभक्ति से ओतप्रोत होकर सुन्दर रंगों को कागज़ पर उकेरा।

१९७१

इस दौरान सेना के अधिकारियों ने भाग लेने आये बच्चों का हौसला बढाया और उन्हें आगामी भविष्य की शुभकामनाएं दी। उन्होंने बच्चों के द्वारा बनाए सुन्दर चित्रों की सराहना की। सेना के अधिकारी ने जानकारी देते हुए बताया की युद्ध के दौरान सर्वोच्च बलिदान देने वाले बहादुर सैनिकों को श्रद्धांजलि देकर स्वर्णिम विजय वर्ष मनाया जा रहा है और इसी कड़ी में सेना के द्वारा डलहौज़ी कैंट में कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसमें चित्रकला प्रतियोगिता का आज आयोजन किया गया है। इसके अलावा डिबेट कम्पीटीशन और इंटर स्कूल प्रश्नोतरी प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाएगा ।  

बता दें कि केंद्र सरकार की तरफ से वर्ष 2021 को स्वर्णिम विजय वर्ष के रूप में नामित किया गया है और राष्ट्र ने भारत-पाक युद्ध के 50 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में उत्सव की शुरुआत की है। 16 दिसंबर, 2020 को नेशनल वार मेमोरियल नई दिल्ली में आयोजित उद्घाटन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ और तीनों सेनाओं के प्रमुखों ने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की थी। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने चार स्वर्णिम विजय मशालें जलाईं और देश के विभिन्न हिस्सों में भेजा गया है।