कसौली/धर्मपुर (सोलन)।
राजकीय महाविद्यालय धर्मपुर में अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों के सम्मान में आयोजित विदाई समारोह एक यादगार और भावनात्मक आयोजन बन गया। कार्यक्रम में जहां एक ओर विद्यार्थियों की उपलब्धियों को सराहा गया, वहीं दूसरी ओर उनके साथ बिताए गए पलों की मिठास और बिछड़ने का दर्द भी साफ झलकता रहा।
सम्मान और उपाधियों से बढ़ा उत्साह
समारोह के दौरान विभिन्न श्रेणियों में विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। रीटा को ‘मिस फेयरवेल’ और अचल को ‘मिस्टर फेयरवेल’ चुना गया, जिससे पूरे हॉल में उत्साह और तालियों की गूंज सुनाई दी। वहीं हिमानी ने ‘मिस पर्सनालिटी’ और लक्ष्य ने ‘मिस्टर पर्सनालिटी’ का खिताब अपने नाम किया। इन उपाधियों ने छात्रों के आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया।
प्राचार्य का प्रेरणादायक संबोधन
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सुनीता गोयल ने इस अवसर पर विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्हें जीवन के नए चरण के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि कॉलेज का समय केवल शिक्षा तक सीमित नहीं होता, बल्कि यह जीवन के मूल्यों और अनुभवों को सीखने का सबसे महत्वपूर्ण दौर होता है। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने और समाज में सकारात्मक योगदान देने का संदेश दिया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
कार्यक्रम में रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने सभी का मन मोह लिया। छात्रों ने नाटी और राजस्थानी नृत्य जैसे लोक नृत्यों के माध्यम से अपनी कला का शानदार प्रदर्शन किया। संगीत और नृत्य की इन प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को जीवंत बना दिया और दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।
भावनाओं के साथ हुई विदाई
समारोह के अंत में विद्यार्थियों ने अपने अनुभव साझा किए। कई छात्र-छात्राएं भावुक हो उठे और उन्होंने अपने शिक्षकों तथा साथियों के प्रति आभार व्यक्त किया। हंसी-खुशी के साथ शुरू हुआ यह आयोजन अंत में नम आंखों और ढेर सारी यादों के साथ समाप्त हुआ।
यह विदाई समारोह न केवल एक कार्यक्रम था, बल्कि उन अनमोल पलों का उत्सव था, जो विद्यार्थियों ने अपने कॉलेज जीवन में संजोए।

