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अब वोकेशनल स्टूडेंटस की होगी ऑन जॉब ट्रेनिंग
 
डलहौज़ी हलचल (सोलन) :  हिमाचल के सरकारी विद्यालयों में वोकेशनल की शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को पढ़ाई के दौरान अब ऑन जॉब ट्रेनिंग करनी होगी। राज्य समग्र शिक्षा अभियान कार्यालय ने इसे स्कूलों में अब अनिवार्य कर दिया है। यह प्रशिक्षण विभिन्न सब्जेक्टस से संबंधित उद्योगों में करवाना होगा। सोलन स्थित जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाईट) में आयोजित वोकेशनल ट्रेनर्स की इन सर्विस ट्रेनिंग में इस विषय पर गहन मंथन हुआ।

पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्याशाला का आज विधिवत समापन हो गया। इस प्रशिक्षण में मीडिया एंड इंटरटनेमंेट, बैंकिग फाइनांस सर्विस एंड इंश्योरेंस, शारीरिक शिक्षा एवं स्पोर्टस व प्लबिंग सेक्टर के 55 वोकेशनल ट्रेनर्स ने भाग लिया। पांच दिन तक चलने वाली यह ट्रेनिंग कई चरणों में संपन्न हुई। इसमें प्रदेश के सरकारी विद्यालयों में वोकेशनल शिक्षा को अधिक कारगार बनाने, इसके बेहतर क्रियान्वयन तथा रोजगारपरक बनाने को लेकर चर्चा हुई। साथ ही छात्रों की जॉब प्लेसमेंट, इंटर्नशिप, व अपना निजी व्यवसाय शुरू करने (इंटरप्रेन्यूरशिप) पर भी विस्तारपूर्वक मंथन हुआ। इस दौरान कई एक्स्पर्ट भी वोकेशनल ट्रेनर्स के साथ ऑनलाइन व ऑफलाइन जुडे़। वोकेशनल ट्रेनर्स ने जो ट्रेनिंग में ज्ञान हासिल किया उसे विभिन्न विषयों पर आधारित इनोवटिव मॉडल, चार्ट, रोल प्ले व प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रस्तुत किया। भोपाल स्थित पंडित सुंदरलाल शर्मा केंद्रीय व्यावसयिक शिक्षा संस्थान के विषय विशेषज्ञ डा.दीपक सुधालवर, डा. वीएस महरोत्रा ने वोकेशनल शिक्षा के बेहतरीकरण के लिए शिक्षण व प्रशिक्षण में नई-नई इनोवेशन करने, विद्यार्थियों में रोजगारपरक कौशल को कैसे विकसित करना हैं, नई शिक्षा नीति में वोकेशनल शिक्षा का महत्व जैसे विषयों पर अपना व्याख्यान दिया। वोकेशनल ट्रेनर्स को ट्रेनिंग के दौरान एक्सपोजर विजिट करवाई गई। अलग-अलग सब्जेक्ट से सबंधित संस्थानों में ट्रेनर्स ने अपने विषय से संबंधित प्रशिक्षण प्राप्त किया। ट्रेनिंग के अंतिम दिन सभी वोकेशनल ट्रेनर्स ने पांच दिन तक क्या-क्या ज्ञान हासिल किया, व अन्य गतिविधियों की प्रेजेंटेशन दी।

समापन अवसर जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के प्रधानाचार्य चंद्रमोहन शर्मा, जिला समन्वयक वोकेशनल कमनीश ठाकुर भी मौजूद रही। प्रधानाचार्य डाईट ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्याशाला ज्ञानवर्धक रही। इस दौरान प्रधानाचार्य व जिला समन्वयक वोकेशनल ने यहां प्रशिक्षण कार्याशाला में भाग लेने आए वोकेशनल ट्रेनर्स को ट्रेनिंग से संबंधित सर्टिफिकेट भी आवंटित किए। प्रधानाचार्य ने कहा कि सरकारी विद्यालयों में वोकेशनल शिक्षा व्यवस्था को ओर अधिक बेहतर बनाने को लेकर यह प्रशिक्षण शिविर काफी कारगार साबित होगा। क्योंकि वोकेशनल शिक्षक एक नया अनुभव सीखकर यहां से जाएंगे ओर इसे अपने विद्यालयों में लागू करेगें। उन्होंने कहा कि प्रदेश में एक दर्जन से अधिक अलग-अलग विषयों में वोकेशनल की शिक्षा प्रदान की जा रही है। वोकेशनल की पढाई कर रहे विद्यार्थियों को अब ऑन जॉब ट्रेनिंग करनी होगी। जिस वोकेशनल विषय में छात्र पढ़ाई कर रहे है, उनसे संबंधित उद्योगों में ही यह प्रशिक्षण होगा। फिलहाल ऑन जॉब ट्रेनिंग केवल जमा दो कक्षा में अध्यनरत विद्यार्थियों के लिए होगी। समग्र शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना कार्यालय से इस बावत एक अधिसूचना भी जारी की गई है।

इस मौके पर वीटीपी कोऑर्डिनेटर्स मीडिया एंड इंटरटेनमेंट के जगमोहन शर्मा, बीएफएसआई के शैली कोहली, शारीरिक शिक्षा एंड स्पोर्टस के शैलेंद्र कंवर भी मौजूद रहे।