टीबी के खिलाफ हिमाचल की बड़ी सफलता, स्क्रीनिंग और जांच में देश के अग्रणी राज्यों में बना प्रदेश
डलहौज़ी हलचल | शिमला/नई दिल्ली
हिमाचल प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. (कर्नल) धनी राम शांडिल ने कहा कि प्रदेश टीबी उन्मूलन की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है और विभिन्न मानकों पर देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है। स्वास्थ्य मंत्री नई दिल्ली में आयोजित टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा बैठक में वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए। बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने की।
अल्पकालीन और दीर्घकालीन रणनीति पर हो रहा कार्य
बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में टीबी उन्मूलन के लिए अल्पकालीन और दीर्घकालीन रणनीतियों के तहत प्रभावी कार्य किया जा रहा है। प्रदेश में उच्च जोखिम वाले गांवों और शहरी वार्डों में संवेदनशील आबादी की नियमित स्क्रीनिंग, एक्स-रे जांच और एनएएटी टेस्टिंग को प्राथमिकता दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि टीबी मरीजों की देखभाल और उपचार से जुड़े विभिन्न मानकों में हिमाचल प्रदेश 75 प्रतिशत से अधिक उपलब्धि के साथ देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है।
आशा कार्यकर्ताओं और जनभागीदारी से मिल रही सफलता
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि प्रदेश में आशा कार्यकर्ताओं, स्वास्थ्य कर्मियों, नि-क्षय मित्रों और आम नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से टीबी उन्मूलन अभियान को मजबूती मिल रही है। इसके अलावा सांसदों, विधायकों, पंचायत प्रतिनिधियों और पंचायती राज संस्थाओं की सहभागिता भी सुनिश्चित की जा रही है।
स्वास्थ्य अधोसंरचना को किया जा रहा मजबूत
डॉ. शांडिल ने कहा कि राज्य सरकार टीबी डायग्नॉस्टिक नेटवर्क के विस्तार और स्वास्थ्य संस्थानों की अधोसंरचना को सुदृढ़ करने पर विशेष ध्यान दे रही है। प्रदेश में टीबी के मामलों की समय पर पहचान, सटीक निदान, प्रभावी उपचार और जागरूकता गतिविधियों को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि संभावित टीबी मरीजों और संक्रमित मरीजों के निकट संपर्क में रहने वाले लोगों को भी सुरक्षा के दृष्टिकोण से आवश्यक दवाइयां उपलब्ध करवाई जा रही हैं।
हैंड हेल्ड एक्स-रे मशीनों की मांग
टीबी मुक्त हिमाचल के लक्ष्य को शीघ्र हासिल करने के लिए स्वास्थ्य मंत्री ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से प्रदेश को हैंड हेल्ड एक्स-रे मशीनें उपलब्ध करवाने का आग्रह किया। उनका कहना था कि इन मशीनों की सहायता से दूरदराज और दुर्गम क्षेत्रों में भी टीबी की समय पर जांच सुनिश्चित की जा सकेगी।
टीबी मुक्त हिमाचल के लक्ष्य पर सरकार का फोकस
स्वास्थ्य मंत्री ने दोहराया कि प्रदेश सरकार टीबी उन्मूलन के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य समयबद्ध तरीके से टीबी मुक्त हिमाचल का लक्ष्य हासिल करना है, ताकि लोगों को इस गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखा जा सके।
बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के प्रबंध निदेशक प्रदीप कुमार ठाकुर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।
