मानसून को लेकर शाहपुर में प्रशासन अलर्ट, हर विभाग में बनेगा नोडल अधिकारी; JCB और मशीनरी तैयार रखने के निर्देश
डलहौज़ी हलचल | शाहपुर
मानसून के दौरान संभावित प्राकृतिक आपदाओं और आपात स्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए शाहपुर विधानसभा क्षेत्र में प्रशासनिक तैयारियां तेज कर दी गई हैं। सोमवार देर सायं रैत ब्लॉक कार्यालय के समिति हॉल में आयोजित उपमंडल स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता शाहपुर के विधायक एवं उपमुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने की। उन्होंने सभी विभागों को मानसून के दौरान चौबीसों घंटे अलर्ट रहने और आपसी समन्वय के साथ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में मानसून के दौरान सड़क, पेयजल और अन्य आवश्यक सेवाओं को सुचारू बनाए रखने के साथ किसी भी आपदा की स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने की तैयारियों की समीक्षा की गई।
हर विभाग नियुक्त करे नोडल अधिकारी
केवल सिंह पठानिया ने प्रत्येक विभाग को एक-एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संबंधित नोडल अधिकारियों के मोबाइल नंबर प्रशासन के साथ साझा किए जाएं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में बिना देरी संपर्क स्थापित किया जा सके।
उन्होंने कहा कि मानसून के दौरान विभागों के बीच बेहतर तालमेल बेहद जरूरी है। किसी क्षेत्र में आपदा या आवश्यक सेवाओं में बाधा की सूचना मिलने पर संबंधित विभाग तत्काल कार्रवाई करे और राहत एवं बहाली कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो।
सड़कें खुली रखने के लिए JCB और मशीनरी रहे तैयार
लोक निर्माण विभाग को मानसून के दौरान सभी प्रमुख एवं संपर्क सड़कों को यातायात के लिए सुचारू रखने के निर्देश दिए गए।
विधायक ने कहा कि भूस्खलन, मलबा गिरने अथवा अन्य कारणों से सड़क अवरुद्ध होने की स्थिति में उसे जल्द से जल्द बहाल करने के लिए जेसीबी सहित आवश्यक मशीनरी को पहले से चिन्हित संवेदनशील स्थानों पर तैयार रखा जाए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क बाधित होने की सूचना मिलते ही मशीनरी और कर्मचारियों को मौके पर भेजकर यातायात बहाल करने की कार्रवाई शुरू की जाए।
पेयजल टैंकों का नियमित क्लोरीनेशन सुनिश्चित करने के निर्देश
जल शक्ति विभाग को विशेष रूप से बरसात के मौसम में स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
केवल सिंह पठानिया ने कहा कि पेयजल भंडारण टैंकों का नियमित क्लोरीनेशन किया जाए, ताकि दूषित पानी से होने वाली बीमारियों के खतरे को कम किया जा सके।
उन्होंने निर्देश दिए कि जब भी किसी पेयजल भंडारण टैंक का क्लोरीनेशन किया जाए, इसकी जानकारी संबंधित पंचायत प्रतिनिधियों को भी दी जाए। इससे स्थानीय जनप्रतिनिधियों की सहभागिता सुनिश्चित होने के साथ लोगों तक भी आवश्यक जानकारी समय पर पहुंच सकेगी।
आपसी समन्वय से त्वरित कार्रवाई पर जोर
विधायक एवं उपमुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि मानसून के दौरान प्रशासन और सभी संबंधित विभागों की प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा तथा आवश्यक सेवाओं को निर्बाध बनाए रखना होनी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों से सतर्कता बरतने और किसी भी आपात स्थिति में आपसी समन्वय के साथ तुरंत कार्रवाई करने को कहा, ताकि प्रभावित लोगों तक समय रहते सहायता पहुंचाई जा सके और सड़क, पेयजल जैसी आवश्यक सेवाओं को जल्द बहाल किया जा सके।
